झज्जर में स्त्री शक्ति संगठन की कार्यशाला, महिलाओं को रोजगार और स्वास्थ्य की दी जानकारी
सेवा संकल्प अभियान के तहत 65 महिलाओं ने लिया हिस्सा; स्वच्छता, मासिक धर्म प्रबंधन और घरेलू हिंसा कानून पर हुई चर्चा
✍️ संवाददाता प्रेरणा बुड़ाकोटी
झज्जर, 03 अक्टूबर 2026
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत स्त्री शक्ति संगठन के सदस्यों ने हरियाणा के झज्जर जिले के किरोध स्थित भारत भट्ठे में काम करने वाली 30 मजदूर महिलाओं और गांव की 35 महिलाओं के साथ जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की। कार्यशाला में महिलाओं को रोजगार के अवसर, व्यक्तिगत स्वच्छता, मासिक धर्म प्रबंधन और घरेलू हिंसा से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ भारत भट्ठा कंपनी की संचालक गीता ने संगठन के सदस्यों का स्वागत कर किया। संगठन की वरिष्ठ सदस्य प्रोफेसर सुषमा जोशी को पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया गया। संगठन की अध्यक्ष ममता, सदस्य सुमन शर्मा एवं पूनम गोला तथा पीआरओ पवन गहलोत को अंगवस्त्र भेंट किया गया।
रोजगार के नए अवसरों पर चर्चा
कार्यशाला में महिलाओं को रोजगार उत्पन्न करने के विभिन्न तरीकों की जानकारी दी गई। इसके तहत वस्त्र निर्माण, खाद्य सामग्री निर्माण और एग्रो-वेस्ट मैनेजमेंट जैसे कार्यों के बारे में बताया गया।
महिलाओं को कम बजट में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए उत्पादन बढ़ाने तथा पर्यावरण को ध्यान में रखकर छोटे स्तर पर स्वरोजगार के अवसर विकसित करने की जानकारी दी गई।
स्वच्छता और मासिक धर्म प्रबंधन की जानकारी
कार्यशाला में व्यक्तिगत स्वच्छता के महत्व पर भी चर्चा हुई। महिलाओं को सेनेटरी नैपकिन के सही इस्तेमाल और सुरक्षित तरीके से निस्तारण की जानकारी दी गई। इसके अलावा मेंस्ट्रुअल कप के उपयोग से जुड़ी जानकारी भी साझा की गई और इसके इस्तेमाल के दौरान स्वच्छता तथा सुरक्षित प्रबंधन के जरूरी पहलुओं को समझाया गया।
इस अवसर पर महिलाओं को सेनेटरी नैपकिन और मेंस्ट्रुअल कप भी वितरित किए गए।
घरेलू हिंसा कानून के बारे में किया जागरूक
कार्यशाला में महिलाओं को घरेलू हिंसा से संबंधित कानून और उनके कानूनी अधिकारों के बारे में भी जानकारी दी गई। महिलाओं को किसी भी प्रकार की हिंसा की स्थिति में उपलब्ध सहायता एवं कानूनी उपायों के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम के दौरान वहां मौजूद बच्चों और महिलाओं को बिस्कुट सहित खाद्य सामग्री तथा बच्चों के सामान्य उपयोग की वस्तुएं भी वितरित की गईं। संगठन के सदस्यों ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया।

