पास के ही कुएं से मिला वरीय अधिवक्ता का शव, हत्या या हादसा? पुलिस जांच तेज
सारण (बिहार) संवाददाता धर्मेंद्र रस्तोगी: सारण जिले के भगवान बाजार थाना क्षेत्र में छपरा व्यवहार न्यायालय के वरीय अधिवक्ता सह अपर लोक अभियोजक (APP) पवन कुमार का शव रविवार की अहले सुबह उनके घर के समीप स्थित एक कुएं से बरामद होने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। दो दिनों से लापता चल रहे अधिवक्ता का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है, वहीं सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए। भगवान बाजार थाना की पुलिस भी तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर जांच में जुट गई।
मामले के संबंध में बताया जाता है कि पवन कुमार शुक्रवार की सुबह से ही घर से लापता थे। काफी खोजबीन के बावजूद उनका कोई सुराग नहीं मिला, जिसके बाद उनकी पत्नी रेणु सिन्हा ने भगवान बाजार थाना में आवेदन देकर अनहोनी की आशंका जताई थी। उन्होंने पुलिस से अपने पति की शीघ्र बरामदगी की गुहार लगाई थी। गुमशुदगी रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार सुबह करीब 5:45 बजे जब वह उन्हें बुलाने बाहर गईं, तब वे घर पर मौजूद नहीं थे।
घटना की गंभीरता को देखते हुए सारण के वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार के निर्देश पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आसपास के इलाकों में सघन छानबीन की। एएसपी राम पुकार सिंह के अनुसार पुलिस ने कई स्थानों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, लेकिन कोई ठोस सुराग नहीं मिला। इसी दौरान घर के समीप स्थित एक कुएं की तलाशी ली गई, जहां से उनका शव बरामद हुआ।
भगवान बाजार थाना अध्यक्ष रणधीर कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शव को कुएं से बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि पवन कुमार पिछले करीब एक माह से मानसिक तनाव और डिप्रेशन से जूझ रहे थे। पुलिस फिलहाल इस मामले को दुर्घटना अथवा आत्महत्या के एंगल से भी जांच रही है, हालांकि हर पहलू पर गंभीरता से पड़ताल जारी है।
पवन कुमार वर्ष 1995 से वकालत के पेशे से जुड़े थे और वर्ष 2009 से सहायक लोक अभियोजक (APP) के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। उनके लंबे अनुभव और न्यायिक क्षेत्र में योगदान को देखते हुए अधिवक्ता संघ और न्यायिक जगत में शोक की गहरी लहर दौड़ गई है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।
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