पिरारी में 24 घंटे का अखंड हरिनाम संकीर्तन संपन्न, हरि नाम से गुंजायमान रहा पूरा क्षेत्र
सारण (बिहार): जलालपुर प्रखंड के पिरारी गांव स्थित श्री राजूल लक्ष्मी धाम में 21 से 22 मई तक आयोजित 24 घंटे का अखंड हरिनाम संकीर्तन पूर्णाहुति के साथ भव्य रूप से संपन्न हो गया। “वन्दे गुरु परम्पराम्” के उद्घोष के साथ शुरू हुए इस धार्मिक आयोजन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ 21 मई को आचार्य संतोष कुमार द्विवेदी द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण एवं विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया गया। देवेन्द्र दास जी महाराज एवं मनन दास जी महाराज के सानिध्य में अखंड संकीर्तन प्रारंभ हुआ। आयोजन में महंत ब्रजेश दास जी महाराज, महंत अशोक दास जी महाराज सहित सारण, वैशाली एवं आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में साधु-संत और श्रद्धालु पहुंचे।
लगातार 24 घंटे तक “हरे कृष्ण हरे राम” के संकीर्तन से पूरा पिरारी गांव गूंजता रहा। श्रद्धालुओं ने भक्ति गीतों और नृत्य-कीर्तन के माध्यम से प्रभु का गुणगान किया। कार्यक्रम के दौरान श्रीनाथ जी की भव्य झांकी श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनी रही। 22 मई को हवन-पूजन एवं विशाल भंडारे के साथ कार्यक्रम की पूर्णाहुति की गई।
आयोजन स्थल पर श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे। महामंडलेश्वर देवेन्द्र दास जी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि कलियुग में हरिनाम संकीर्तन ही मानव जीवन के कल्याण का सर्वोत्तम मार्ग है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजनों से समाज में आध्यात्मिक चेतना और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
भंडारे में हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ प्राप्त किया। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला।

