सारण के विकास को पंख, सोनपुर में ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे को मिली ‘साइट क्लीयरेंस’
सांसद रूडी की 16 वर्षों की परिकल्पना और पिछले 7 वर्षों की प्रशासनिक प्रक्रिया का ठोस परिणाम
सारण (बिहार) संवाददाता धर्मेंद्र रस्तोगी: सारण लोकसभा क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में बिहार के सोनपुर में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे को भारत सरकार के नागरिक उड्डयन मंत्रालय की ओर से ‘साइट क्लीयरेंस’ की स्वीकृति मिल गई है। इस स्वीकृति के साथ ही सारण सहित पूरे उत्तर बिहार के विकास की दिशा में एक नया अध्याय जुड़ गया है। सारण के सांसद राजीव प्रताप रूडी की लगभग 16 वर्षों की परिकल्पना और पिछले सात वर्षों से चल रही प्रशासनिक प्रक्रिया के बाद यह महत्वपूर्ण योजना अब वास्तविक रूप लेने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
सांसद रूडी ने कहा कि ग्रीनफील्ड हवाई अड्डों के लिए साइट क्लीयरेंस प्राप्त करना हमेशा एक जटिल और चुनौतीपूर्ण प्रक्रिया होती है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव समीर सिंह की अध्यक्षता वाली ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट्स स्टीयरिंग कमेटी में गृह मंत्रालय, रक्षा मंत्रालय, आर्थिक मामलों के विभाग, राजस्व विभाग, नीति आयोग, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण तथा नागरिक उड्डयन महानिदेशालय के वरिष्ठ अधिकारी सदस्य के रूप में शामिल होते हैं। दो बार बैठक स्थगित होने के बावजूद अपेक्षाकृत कम समय में बिहार के लिए यह स्वीकृति मिलना एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
उन्होंने कहा कि यह केवल एक प्रशासनिक मंजूरी नहीं है, बल्कि सारण और उत्तर बिहार की आकांक्षाओं को पंख देने वाला फैसला है। इस परियोजना के तहत भूमि चयन, तकनीकी मानकों तथा विभिन्न केंद्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय की प्रक्रिया को चरणबद्ध तरीके से पूरा किया गया। साइट क्लीयरेंस मिलने के बाद अब आगे आरएफपी जारी करने, कंसल्टेंट की नियुक्ति तथा विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (DPR) तैयार करने की प्रक्रिया शुरू होगी। ऐसी परियोजनाओं में लगभग 10 हजार करोड़ रुपये तक के निवेश की संभावना जताई जा रही है, जिससे राज्य के आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।
पूर्व केंद्रीय मंत्री रूडी ने बताया कि यह हवाई अड्डा उत्तर-पूर्व भारत, भूटान, नेपाल, पश्चिम बंगाल और बिहार के लिए एक महत्वपूर्ण एविएशन हब के रूप में विकसित होगा। साथ ही दक्षिण एशिया के हवाई मार्ग में भी यह एक प्रमुख केंद्र बनने की क्षमता रखता है, जिससे भविष्य में यूरोप, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों के साथ बेहतर हवाई संपर्क की संभावना मजबूत होगी।
उन्होंने कहा कि सोनपुर की भौगोलिक स्थिति, पटना के निकटता और उत्तर बिहार के विस्तृत क्षेत्र को देखते हुए यह हवाई अड्डा क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा तथा उद्योग, व्यापार और पर्यटन को नया आयाम देगा। साथ ही सारण, पटना और तिरहुत प्रमंडल सहित आसपास के बिहार और उत्तर प्रदेश के कई क्षेत्रों की आर्थिक और औद्योगिक संभावनाओं को भी इससे नई गति मिलेगी।
सांसद रूडी ने इस ऐतिहासिक स्वीकृति के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और नागरिक उड्डयन मंत्रालय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की यह संकल्पना कि “हवाई चप्पल पहनने वाला भी हवाई जहाज में चले” अब धीरे-धीरे वास्तविकता में बदलती दिखाई दे रही है और सोनपुर एयरपोर्ट उसी दूरदर्शी सोच का परिणाम है।

