बरसात की बात
सावन मास के आने का प्रतीक है, बरसात,
गर्मी में ठंडक का एहसास है, बरसात,
रिमझिम रिमझिम बूंदों की आवाज है बरसात,
चाय और पकौड़े का त्यौहार है बरसात,
आकाश में धूप छांव का मिलाप है बरसात,
बच्चों की कश्तियों का तालाब है बरसात,
नृत्य और गीत का मिश्रण है बरसात,
प्रेमियों के प्यार की सौगात है बरसात,
किसी की उम्मीद तो किसी के लिए उलझन का संकेत है बरसात,
कभी मिट्टी की खुशबू तो कहीं बाढ़ होने का कारण है बरसात,
अभी सुनी तो कभी अनसुनी बात है बरसात।