नवरात्र के प्रथम दिवस शैलपुत्री को नमन
/// जगत दर्शन न्यूज
ऊषा काल की उत्तम बेला, उत्तम आश्विन मास।
प्रथम दिवस नवरात्र का, होत सुखद एहसास।।
गजारुढ़ माँ अम्बिका, शैलपुत्री शुभ नाम।
वृषभ वाहिनी माँ चली, सत् भक्तों के धाम।।
बाँयें कर में कमल लिए, दाँयें लिए त्रिशूल।
हेमवती पार्वती सती, सकल शक्ति शुभ मूल।।
मात् शिवा शुभ दायिनी, करत सदा तम नाश।
त्याग तपस्या से सदा, हरत सकल संताप।।
दशो दिशा जय-जय करे, करे चराचर गान।
तेरे सत् शुभ रुप का, सहज करे गुणगान।।
भक्तों का भय नाश हो, जगमग हो चहुँ ओर।
है बिजेन्द्र की कामना, करो ज्ञानमय भोर।।
✍️बिजेन्द्र कुमार तिवारी
बिजेन्दर बाबू
7250299200

