भारत में नेहा नाम की लड़की सबसे मज़बूत इरादे वाली और किसी के सामने नहीं झुकने वाली मशहूर हुई
✍️ धर्मेंद्र रस्तोगी
आगे बढ़ने से पहले बता दूँ कि नेहा नाम का अर्थ प्यार , स्नेह , ओस की बूंद होता है , नेहा नाम की लड़कियों ने हमेशा देश के लिये कुछ ना कुछ योगदान दिया है ,
1 - पहली नेहा बोरा : JNU की छात्रा नेहा बोरा जिसने हमेशा जुल्म के खिलाफ़ मज़बूती से आवाज उठाई फिर वो बिलकिस बानो वाला मुद्दा हो , UGC वाला मुद्दा हो , CAA NRC वाला मुद्दा हो NEET पेपर लीक वाला मुद्दा हो , नेहा बोरा ने हमेशा निडर होकर समाज की भलाई और इंसाफ के लिये काम किया , जंतर मंतर 23 दिन की भूख हड़ताल पर बैठकर उन्होंने देश के युवाओ और छात्रों को इंसाफ दिलाने का काम किया ,
नेहा बोरा मूल रूप से उत्तराखंड की रहने वाली हैं। बचपन का कुछ समय उनका पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी में बीता। पढ़ाई के साथ-साथ उन्होंने थिएटर और सामाजिक गतिविधियों में भी सक्रिय भागीदारी निभाई। नेहा ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से B.A. किया इसके बाद डॉ. बी.आर. अंबेडकर यूनिवर्सिटी से M.A. की डिग्री हासिल की। वर्तमान में नेहा जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) के स्कूल ऑफ आर्ट्स एंड एस्थेटिक्स से Ph.D कर रही हैं। पढ़ाई के साथ-साथ वो लंबे वक्त से छात्र आंदोलनों और सामाजिक मुद्दों पर एक्टिव भी हैं।
नेहा बोरा फिलहाल ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष हैं। याद रहे कि JNU की छात्र राजनीति में AISA लंबे समय से सक्रिय संगठन रहा है। नेहा अपने साथियों के साथ भी कई बार हंसते, मस्ती करते तस्वीरों में दिखाई देती हैं। वो एक Gen Z स्टूडेंट लीडर हैं तो ये बात सामान्य है कि उनका तरीका और अंदाज भी अलग है। उनका ये अंदाज सबके दिलों में गहरी छाप छोड़ता है। प्रोटेस्ट खत्म होने के बाद वो एक वीडियो में दोस्तों के साथ डांस करती नजर भी आ रही हैं।
जंतर-मंतर आंदोलन से पहले भी नेहा बोरा कई सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर बोलती रही हैं। शिक्षा के निजीकरण, पेपर लीक, मॉब लिंचिंग, बिलकिस बानो मामले में न्याय और गाजा के मानवीय संकट जैसे विषयों पर उन्होंने सार्वजनिक रूप से अपनी बात रखी हैं। नेहा की सक्रियता केवल यूनिवर्सिटी कैंपस तक सीमित नहीं रही, बल्कि कई और आंदोलनों में भी उनकी भागीदारी देखने को मिलीं।
हर आंदोलन कुछ ऐसे लोगों को जन्म देता है, जिनकी पहचान सिर्फ उनके संगठन या पद से नहीं होती, बल्कि उनके अपने संघर्षों से बनती है। नेहा बोरा की पहचान भी कुछ ऐसी ही बनकर सामने आई है।
जब जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी यानी CJP इस आंदोलन की कहानी लिखी जाएगी तो नेहा बोरा का नाम उसमें प्रमुखता से दर्ज होगा। ये बात लिखने में कोई दो राय नहीं कि नेहा बोरा संघर्ष, धैर्य और अपनी बात पर अडिग रहने की कहानी हैं। चाहे कोई उनके विचारों से सहमत हो या असहमत, जंतर-मंतर आंदोलन में उनकी भूमिका ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर एक चर्चित छात्र नेता के रूप में स्थापित कर दिया है।
2 - दूसरी नेहा सिंह राठौड़ : यूपी - बिहार की मशहूर लोकगायिका नेहा सिंह राठौड़ भोजपुरी गाने से चर्चा में आने वाली एक मज़बूत इरादो वाली महिला है , जिन्होंने अपने ऊपर FIR दर्ज होने पर भी घुटने नहीं टेके , यूपी में का बा, बिहार में का बा नाम के गानो से इन्हे काफी प्रसिद्धि मिली ,
एक लोकप्रिय भारतीय लोक गायिका और राजनीतिक व्यंग्यकार (political satirist) हैं, जो मुख्य रूप से भोजपुरी भाषा में अपने तीखे और सामाजिक-राजनीतिक मुद्दों से जुड़े गीतों के लिए जानी जाती हैं। उनका जन्म वर्ष 1997 में बिहार के कैमूर (या जंदाहा) जिले में हुआ था। वह विशेष तौर पर अपने वायरल गानों "बिहार में का बा" (2020) और "यूपी में का बा" (2022) के जरिए चर्चा में आई थीं।
3 - तीसरी नेहा भारती : नेहा भारती एक NGO से जुड़ी हुई लड़की है जो अक्सर गरीबो की मदद के लिये जानी जाती है हालांकि वो सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा में रहती है , करोड़ो की संख्या में GENZ उनके दिए गए बयानों को सुनते है और सीखते है , नेहा भारती एक दलित है और हिंदू मुस्लिम सभी धर्मों के लोगो के अधिकार के लिये लड़ती है , नेहा भारती रमजान महीने में पूरे 30 दिन दिल्ली की जामा मस्जिद में देश भर से आने वाले मुसाफिरो को इफ्तार करवाती है ,
नेहा भारती एक सोशल एक्टिविस्ट और सोशल वर्कर हैं, जो पुरानी दिल्ली के चावड़ी बाजार की रहने वाली हैं और दिल्ली यूनिवर्सिटी से राजनीति शास्त्र में एमए कर चुकी हैं। वह मुख्य रूप से सामाजिक-जातिगत मुद्दों पर अपनी मुखर बेबाक राय रखने के कारण चर्चा में आई हैं। और समाज के दबे-कुचले व वंचित वर्गों की आवाज उठाने के लिए जानी जाती हैं।
4 - चौथी नेहा सिंह : नेहा सिंह एक लेखक और समाजसेविका है , जिन्होंने समाज में लड़कियों के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ़ आवाज उठाई, उन्होंने महिलाओ की ख़राब हालत पर भी बुक्स लिखी , नेहा सिंह ने महिलाओं को आजादी से रहने पर आंदोलन किया था ,
नेहा सिंह मुंबई स्थित एक प्रसिद्ध बाल साहित्य लेखिका, Neha Singh थिएटर कलाकार और महिला अधिकार कार्यकर्ता हैं। उन्होंने बच्चों के लिए कई लोकप्रिय किताबें लिखी हैं और बच्चों की पत्रिकाओं में भी योगदान दिया है
नेहा नाम की लड़कियों में जुल्म और अन्याय के खिलाफ़ लड़ने का जूनून होता है , चट्टान जैसे मज़बूत इरादे वाली होती है , जो ना किसी के सामने झुकती है ना किसी से डरती है,

