कम उम्र में बड़ी उपलब्धि: दिल्ली विश्वविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर को मिला ICSSR परियोजना
सारण प्रमंडल के पर्यटन विकास की नई उम्मीद बने ‘सारण के लाल’ डॉ. सोनू कुमार
सारण (बिहार) संवाददाता धर्मेंद्र रस्तोगी: सारण जिले के होनहार युवा शिक्षाविद एवं University of Delhi के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सोनू कुमार ने कम उम्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल कर पूरे क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया है। उन्हें Indian Council of Social Science Research (ICSSR) की प्रतिष्ठित Major & Minor Research Projects (2025–26) योजना के अंतर्गत शोध परियोजना प्रदान की गई है।
डॉ. सोनू कुमार भूंसाव पंचायत के हरिहरपुर ग्राम निवासी बलिराम कुंवर के पांच पुत्रों में सबसे छोटे पुत्र हैं। एक साधारण ग्रामीण परिवेश से निकलकर उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से एम.ए., एम.फिल. एवं पीएच.डी. की उपाधियां प्राप्त कीं और अपनी मेहनत, लगन व समर्पण के बल पर यह मुकाम हासिल किया।
उनका शोध विषय “सारण प्रमंडल में पर्यटन विकास: सांस्कृतिक धरोहर, ग्रामीण पर्यटन और आर्थिक सशक्तिकरण का एक अध्ययन” है। इस परियोजना के माध्यम से वे सारण प्रमंडल के पर्यटन को नई पहचान देने, सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य करेंगे।
डॉ. सोनू कुमार की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में उत्साह और गर्व का माहौल है। गांव से लेकर शिक्षण संस्थानों तक खुशी की लहर है। स्थानीय लोगों का कहना है कि “सारण का यह लाल” अब अपने शोध के माध्यम से क्षेत्र के पर्यटन विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा।
उनकी यह सफलता न केवल सारण बल्कि पूरे देश के युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो यह संदेश देती है कि कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प से किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।

