‘सलाम इंडिया’ ने रचा सांस्कृतिक संगम, नागपुर में प्रांतीय व्यंजन-वेषभूषा प्रतियोगिता का भव्य आयोजन
नागपुर (महाराष्ट्र): नागपुर शहर की प्रतिष्ठित संस्था हिंदी महिला समिति द्वारा आयोजित ‘सलाम इंडिया’ प्रांतीय व्यंजन एवं वेशभूषा प्रतियोगिता का आयोजन विदर्भ हिंदी साहित्य सम्मेलन, मोरभवन में भव्य रूप से संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम का उद्देश्य भारत की विविध सांस्कृतिक विरासत को एक मंच पर प्रस्तुत कर उसे सहेजने और भावी पीढ़ी तक पहुंचाने का रहा। देश में पर्यावरण संरक्षण, बेटी बचाओ जैसे मुद्दों के साथ-साथ सांस्कृतिक एकता को सशक्त बनाने की सोच के तहत यह आयोजन हर वर्ष किया जाता है।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि संस्था की पूर्व अध्यक्ष श्रीमती कृष्णा शर्मा रहीं। प्रतियोगिता में विभिन्न प्रांतों के पारंपरिक व्यंजन और उसी प्रांत की वेशभूषा में सजे प्रतिभागियों ने मंच को अत्यंत आकर्षक और जीवंत बना दिया। पूरे आयोजन में उत्साहपूर्ण और प्रेरक वातावरण देखने को मिला। निर्णायक मंडल में नागपुर के प्रसिद्ध रेस्टोरेंट मस्टर्ड की एमडी श्रीमती हनी समीर त्रिपाठी (न्यूमरोलॉजिस्ट) तथा तिरपुड़े कॉलेज ऑफ होटल मैनेजमेंट के प्रोफेसर श्री योगेश मेश्राम शामिल रहे। प्रतियोगिता में लगभग 40 प्रतिभागियों ने भाग लिया।
संस्था की अध्यक्ष रति चौबे एवं कार्याध्यक्ष डॉ. चित्रा तूर के कुशल संयोजन में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रस्तावना अध्यक्ष रति चौबे ने रखी, जबकि अतिथियों एवं निर्णायकों का परिचय जनसंपर्क अधिकारी डॉ. कविता परिहार और उपाध्यक्ष रेखा पांडे ने दिया। आभार प्रदर्शन कोषाध्यक्ष ममता विश्वकर्मा द्वारा किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना, दीप प्रज्वलन तथा सुप्रसिद्ध डांस दीवाने की कलाकारों द्वारा मनमोहक नृत्य वंदना से हुआ। संचालन सचिव रश्मि मिश्रा एवं डॉ. कविता परिहार ने किया। अतिथियों का स्वागत शाल एवं स्मृतिचिह्न भेंट कर किया गया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि कृष्णा शर्मा की पारिवारिक परंपरा के अनुरूप उनकी तीसरी पीढ़ी की नववधू मानसी की गोद भराई का आयोजन भी महिलाओं द्वारा किया गया, जो विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। छवि, लक्ष्मी लता, हेमलता सहित अन्य कलाकारों ने सुंदर नृत्य प्रस्तुतियां दीं। सभी प्रतिभागियों ने मंच पर अपनी प्रस्तुति देकर अपनी कला का प्रभावी प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता परिणामों में प्रथम स्थान मेहंदीबाग आयुन-मलक टीम की महिलाओं ने प्राप्त किया, द्वितीय स्थान रोहिणी देशकर को मिला और तृतीय स्थान अर्चना चौरसिया के नाम रहा। तिरपुड़े कॉलेज के विद्यार्थियों की श्रेणी में प्रथम केतन, द्वितीय निहारिका और तृतीय सार्थक दुबे रहे, जिन्होंने यह सिद्ध किया कि वे किसी भी मंच पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने में सक्षम हैं। विशेष प्रशंसा उत्तम प्रस्तुति के लिए अनिता गायकवाड़ (तमिल), आशा चौधरी (राजस्थानी) और रिंकू घोष (बंगाली) को मिली।
कार्यक्रम में संतोष बुद्धराजा (पंजाबी), लक्ष्मी वर्मा (उत्तर प्रदेश), उमा हरगन (गुजराती), मीना तिवारी (बिहार), शुभांगी बाघ (मराठी) सहित तिरपुड़े कॉलेज के 15 विद्यार्थियों ने भाग लेकर आयोजन को बहुरंगी स्वरूप प्रदान किया। निर्णायकों एवं मुख्य अतिथियों ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए संस्था को शुभकामनाएं दीं। स्वल्पाहार के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इस अवसर पर आरजेएस पी.बी.एच. सकारात्मक भारत उदय आंदोलन के अंतर्गत राम जानकी संस्थान की पुस्तक का विमोचन भी किया गया, जो आयोजन की गौरवपूर्ण उपलब्धि रही।

