डीएम वैभव श्रीवास्तव ने किया डीआरसीसी का निरीक्षण, छात्रों की सुविधाओं और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर दिया जोर
सारण (बिहार): सारण के जिलाधिकारी श्री वैभव श्रीवास्तव ने मंगलवार 27 जनवरी 2026 को जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र (डीआरसीसी) का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र पर आने वाले विद्यार्थियों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने और विभिन्न सरकारी योजनाओं के प्रभावी संचालन को लेकर संबंधित अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए।
निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी ने जिला योजना पदाधिकारी को निर्देशित किया कि छात्रों की सहूलियत के लिए सीएससी के समन्वयक से संपर्क कर एक वीएलई को डीआरसीसी परिसर में समुचित स्थान पर बैठकर कार्य कराया जाए। इसके साथ ही आधार कार्ड निर्माण केंद्र को पुनः प्रारंभ कराने तथा निविदा प्रक्रिया पूर्ण कर एक सुव्यवस्थित कैंटीन के संचालन की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
डीएम द्वारा स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, स्वयं सहायता भत्ता योजना एवं कुशल युवा कार्यक्रम की विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान उन्होंने सभी लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने और स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना में जिले की रैंकिंग में सुधार लाने हेतु सभी आवश्यक पैरामीटर पर प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
कुशल युवा कार्यक्रम के अंतर्गत जिले के सभी प्रशिक्षण केंद्रों की नियमित रूप से प्रत्येक माह जांच करने तथा सभी केंद्रों का संचालन सुदृढ़ एवं व्यवस्थित ढंग से कराने का निर्देश दिया गया। साथ ही विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया।
स्वयं सहायता भत्ता योजना को लेकर जिलाधिकारी ने निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप लाभार्थियों की संख्या बढ़ाने तथा शत-प्रतिशत पात्र विद्यार्थियों को योजना का लाभ प्रदान करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी योग्य छात्र को योजना से वंचित नहीं रहना चाहिए।
इसके अतिरिक्त सभी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए जिलाधिकारी ने जिले के सभी महाविद्यालयों एवं उच्च विद्यालयों में कैंप आयोजित कर अधिक से अधिक विद्यार्थियों के साथ काउंसलिंग करने का निर्देश दिया, ताकि वे योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका लाभ ले सकें। साथ ही डीआरसीसी परिसर में बड़े फ्लैक्स और बैनर लगाकर सभी योजनाओं एवं उनकी प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी प्रदर्शित करने का निर्देश दिया गया, जिससे केंद्र पर आने वाले विद्यार्थियों को सुविधा मिल सके।

