जयप्रभा सेतु के नीचे मिली लावारिस नवजात बच्ची, मांझी सीएचसी में भर्ती
पिलर संख्या-8 के पास ग्रामीणों की पड़ी नजर, डायल 112 की टीम ने पहुंचाया अस्पताल; बच्ची के कटे होंठ को लेकर चिकित्सकीय जांच जारी
सारण (बिहार) संवाददाता धर्मेंद्र रस्तोगी: बिहार और उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले जयप्रभा सेतु के नीचे सरयू नदी के तट पर मंगलवार को एक लावारिस नवजात बच्ची मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मांझी थाना क्षेत्र में पुल के पिलर संख्या-8 के समीप बच्ची को देखकर स्थानीय ग्रामीणों ने तत्काल डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम बच्ची को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी), मांझी ले गई, जहां उसे भर्ती कराकर चिकित्सकीय देखभाल शुरू की गई।
बच्ची के होंठ कटे होने की बात भी सामने आई है। हालांकि, उसे वहां कौन छोड़ गया और किन परिस्थितियों में छोड़ा गया, इसकी जानकारी अभी नहीं मिल सकी है। बच्ची की पहचान और उसके परिजनों के संबंध में भी फिलहाल कोई जानकारी सामने नहीं आई है।
ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस
जानकारी के अनुसार, मंगलवार को जयप्रभा सेतु के नीचे सरयू नदी के किनारे पिलर संख्या-8 के पास स्थानीय ग्रामीणों की नजर नवजात बच्ची पर पड़ी। बच्ची को इस हालत में देखकर ग्रामीणों ने बिना देर किए पुलिस को सूचना दी। इसके बाद डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और बच्ची को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया।
सीमा क्षेत्र में बच्ची मिलने से कई सवाल
जयप्रभा सेतु बिहार और उत्तर प्रदेश को जोड़ता है। ऐसे में पुल के नीचे मिली बच्ची किस राज्य की है और उसे वहां कौन छोड़ गया, यह जांच का विषय है। फिलहाल इस मामले में कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है। घटना ने नवजात बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सीएचसी मांझी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. रोहित कुमार ने प्रारंभिक जांच के बाद बच्ची को स्वस्थ बताया। हालांकि, उसके होंठ कटे होने की स्थिति को देखते हुए आगे चिकित्सकीय जांच की आवश्यकता हो सकती है।
फिलहाल बच्ची को चिकित्सा देखभाल उपलब्ध कराना और उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करना प्राथमिकता है। उसे वहां छोड़ने के पीछे की परिस्थितियों और उसके परिजनों के बारे में जानकारी जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

